अबतक इंडिया न्यूज जयपुर 13 मई । प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अपील के बाद मुख्यमंत्री ने अपने काफिले में वाहनों की संख्या कम करने के निर्देश जारी किए हैं. पहले काफिले में करीब 1 दर्जन गाड़ियां थी, जिसे अब कम करके 5 कर दिया गया है. साथ ही राज्य के अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों को भी सादगी अपनाने और अनावश्यक वाहनों के उपयोग से बचने को कहा गया है. मुख्यमंत्री कार्यालय की ओर से जारी निर्देशों में स्पष्ट किया गया है कि सुरक्षा व्यवस्था के नाम पर जरूरत से ज्यादा वाहनों का उपयोग नहीं किया जाए.

मुख्य सचिव को सीएम ने दिए निर्देश
मुख्यमंत्री ने मुख्य सचिव सहित सभी अधिकारियों को जारी निर्देशों में कहा है कि सरकारी संसाधनों का उपयोग आवश्यकता के अनुसार ही किया जाए. सुरक्षा के नाम पर अतिरिक्त गाड़ियों के इस्तेमाल से बचने और प्रशासनिक स्तर पर मितव्ययता अपनाने पर जोर दिया गया है.
पहले 13 वाहनों के काफिले में चलते थे सीएम
आमतौर पर राजस्थान के मुख्यमंत्री के आधिकारिक काफिले में सुरक्षा और प्रोटोकॉल के तहत 8 से 13 वाहन शामिल रहते हैं, इनमें सबसे आगे चलने वाली पायलट गाड़ियां, सुरक्षा एस्कॉर्ट वाहन, मुख्यमंत्री की बुलेटप्रूफ गाड़ी, जैमर वाहन, एंबुलेंस और बैकअप वाहन शामिल होते हैं, लेकिन अब मुख्यमंत्री ने काफिले का आकार सीमित रखने और केवल जरूरी वाहनों का उपयोग करने के सख्त निर्देश दिए हैं.
सादगी अपनाने के दिए निर्देश
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने यह भी स्पष्ट किया है कि वीआईपी मूवमेंट के दौरान आम लोगों को कम से कम परेशानी हो. इसी सोच के तहत काफिले को लेकर ट्रैफिक व्यवस्था में भी सादगी अपनाने के निर्देश दिए गए हैं. सरकार का मानना है कि ईंधन बचत और सरकारी खर्चों में कटौती से संसाधनों का बेहतर उपयोग सुनिश्चित किया जा सकता है.









