अबतक इंडिया न्यूज 26 सितंबर । आज भाद्रपद पूर्णिमा है. आज से पितृ पक्ष का प्रारंभ हुआ है. जिन लोगों के पितरों का देहांत किसी भी माह की पूर्णिमा तिथि को हुआ है, वे आज उनके लिए श्राद्ध और तर्पण करें. आज के पंचांग अनुसार, भाद्रपद शुक्ल पूर्णिमा तिथि, पूर्व भाद्रपद नक्षत्र, विष्टि करण, गंड योग, पूर्व का दिशाशूल और मीन राशि में चंद्रमा है. आज भाद्रपद पूर्णिमा व्रत, स्नान और दान है. इससे पाप मिटते हैं और मोक्ष की प्राप्ति होती है. आज पूरे दिन पंचक है, वहीं भद्रा 06:11 ए एम से प्रारंभ है, जिसका वास स्थान धरती पर है. इसमें कोई शुभ काम न करें.आज की तिथि- पूर्णिमा – 10:18 पी एम तक, उसके बाद आश्विन कृष्ण प्रतिपदा. राहुकाल– 09:12 ए एम से 10:42 ए एम तक .
पितृ पक्ष का प्रारंभ, पूर्णिमा श्राद्ध आज
आज 26 सितंबर शनिवार से पितृ पक्ष शुरू हुआ है. आज पूर्णिमा तिथि का श्राद्ध है. आप सुबह में 11:30 से 12:30 बजे के बीच श्राद्ध और पिंडदान करें, वहीं स्नान के बाद पितरों का तर्पण कर लें. यह पितृ पक्ष 26 सितंबर से शुरू होकर 10 अक्टूबर तक है. 10 अक्टूबर को सर्व पितृ अमावस्या है.
- 26 सितंबर: पूर्णिमा श्राद्ध
- 27 सितंबर: प्रतिपदा श्राद्ध
- 28 सितंबर: द्वितीया श्राद्ध
- 29 सितंबर: तृतीया श्राद्ध
- 30 सितंबर: चतुर्थी और पंचमी श्राद्ध
- 1 अक्टूबर: षष्ठी श्राद्ध
- 2 अक्टूबर: सप्तमी श्राद्ध
- 3 अक्टूबर: अष्टमी श्राद्ध
- 4 अक्टूबर: नवमी श्राद्ध
- 5 अक्टूबर: दशमी श्राद्ध
- 6 अक्टूबर: एकादशी श्राद्ध
- 7 अक्टूबर: द्वादशी श्राद्ध
- 8 अक्टूबर: त्रयोदशी श्राद्ध
- 9 अक्टूबर: चतुर्दशी श्राद्ध
- 10 अक्टूबर: सर्वपितृ अमावस्या
आज का उपाय :आज भाद्रपद पूर्णिमा के पावन अवसर पर भगवान सत्यनारायण की कथा सुनें, खीर का भोग लगाएं और दान-पुण्य के कार्य करें।












