अबतक इंडिया न्यूज बीकानेर, 5 नवंबर । अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ अभियान के राजस्थान पर्यवेक्षक अजय शर्मा ने गुरुवार को रानी बाजार स्थित बीकानेर देहात कांग्रेस कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान भाजपा सरकार और निर्वाचन आयोग पर तीखा हमला बोला। उन्होंने बड़ा बयान देते हुए कहा कि “एक गांधी अंग्रेजों से लड़े थे, दूसरा गांधी चोरों से लड़ रहा है।”
शर्मा ने आरोप लगाया कि देश के सामने आज सबसे बड़ा संकट जनता के वोट के अधिकार को सुरक्षित रखने का है। भाजपा सरकार, निर्वाचन आयोग के साथ मिलकर ‘वोट चोरी’ कर रही है और चुनावी रणनीतियों के तहत मतदाता सूचियों में फेरबदल कर आम नागरिकों के लोकतांत्रिक अधिकारों को कमजोर किया जा रहा है।

मुख्य चुनाव आयुक्त की कार्यप्रणाली पर सवाल
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए अजय शर्मा ने कहा कि देश की संवैधानिक व्यवस्था को कमजोर करने वाले कदम उठाए जा रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव के दौरान बड़ी संख्या में मतदाताओं के नाम काटे जाते हैं और चुनाव संपन्न होने के बाद सत्ता प्राप्ति के बाद उन्हीं नामों को दोबारा जोड़ने के आदेश जारी किए जाते हैं।
इसके साथ ही, उन्होंने निर्वाचन प्रक्रिया के ‘फॉर्म संख्या 06’ में किए गए बदलावों पर भी कड़ी आपत्ति जताई, जिससे नए मतदाताओं के नाम जुड़ने की प्रक्रिया प्रभावित होने की आशंका है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि जब केंद्रीय कानून मंत्री खुद ‘लोकतंत्र बचाओ-अराजकता हटाओ’ पदयात्रा निकाल रहे हैं, तो इससे यह साफ है कि देश में लोकतंत्र खतरे में है।
बूथ स्तर तक चलेगा ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ अभियान
प्रेस वार्ता के बाद अजय शर्मा ने जिला कांग्रेस कमेटी शहर और देहात की संयुक्त बैठक को भी संबोधित किया। उन्होंने आह्वान किया कि देश का प्रत्येक नागरिक जागरूक बने और अपनी मतदाता सूची में नाम की जांच करे। विशेषकर युवाओं, महिलाओं, मजदूरों, किसानों और वंचित वर्गों को अपने मतदान के अधिकार के प्रति सजग रहना होगा।
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि यह अभियान केवल राजनीतिक कार्यक्रम नहीं, बल्कि संविधान और लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा की लड़ाई है। पार्टी का संकल्प है कि गांव-गांव, ढाणी-ढाणी और वार्ड-वार्ड तक जनजागरण अभियान चलाकर हर पात्र मतदाता के अधिकारों की रक्षा की जाएगी।
इस दौरान शहर कांग्रेस अध्यक्ष मदनगोपाल मेघवाल, देहात अध्यक्ष बिशनाराम सियाग, एआईसीसी प्रोफेशनल कांग्रेस के समन्वयक रोहित जून, पूर्व कैबिनेट मंत्री गोविंदराम मेघवाल, महापौर अनिल कल्ला, डॉ. राजेंद्र मूंड, यशपाल गहलोत, जियाउर रहमान सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।












