अबतक इंडिया न्यूज 5 नवंबर । आज शेयर बाजार में गुरुवार की सुबह निवेशकों के लिए बड़ी राहत की खबर आई. बाजार खुलते ही सेंसेक्स और निफ्टी ने तेज छलांग लगाई. सेंसेक्स करीब 1,400 अंक चढ़ गया, जबकि निफ्टी 24,300 के पार निकल गया. इस तेजी का असर कई बड़ी कंपनियों के शेयरों पर भी दिखा. IndiGo के शेयर में करीब 5 फीसदी की बढ़त दर्ज की गई.
बाजार में आई इस तेजी के पीछे अमेरिका से आई खबरों और कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट का बड़ा हाथ रहा. अमेरिकी मिडटर्म चुनाव के नतीजों के बाद वहां के शेयर बाजार में जोरदार उछाल आया है. इसका असर भारतीय बाजार पर भी देखने को मिल रहा है.

सेंसेक्स और निफ्टी में कितनी आई तेजी?
गुरुवार सुबह कारोबार शुरू होने के बाद BSE Sensex 9 बजकर 24 मिनट पर 1,349.74 अंक यानी 1.75 फीसदी की तेजी के साथ 78,651.14 पर कारोबार कर रहा था. वहीं NSE Nifty 50 सुबह 9 बजकर 25 मिनट पर 375.70 अंक यानी 1.57 फीसदी चढ़कर 24,336.30 के स्तर पर पहुंच गया.
इससे पहले बुधवार को भी बाजार में तेजी रही थी. सेंसेक्स 383.55 अंक चढ़कर 77,301.40 पर बंद हुआ था, जबकि निफ्टी 149.75 अंक की बढ़त के साथ 23,960.60 पर बंद हुआ था. यानी लगातार पांच सत्रों से बाजार में तेजी बनी हुई थी और गुरुवार को इसमें और रफ्तार देखने को मिली.
IndiGo के शेयर में कितनी आई तेजी?
बाजार में तेजी का फायदा कई बड़ी कंपनियों को मिला. शुरुआती कारोबार में IndiGo का शेयर 5.07 फीसदी चढ़ गया. इसके अलावा Bajaj Finance में 4.63 फीसदी और Asian Paints में 4.18 फीसदी की बढ़त दर्ज की गई.
ऑटो सेक्टर के शेयरों में भी अच्छी खरीदारी दिखी. Mahindra & Mahindra का शेयर 3.84 फीसदी और Maruti Suzuki का शेयर 3.71 फीसदी ऊपर कारोबार कर रहा था. बैंकिंग शेयरों में HDFC Bank 2.57 फीसदी और ICICI Bank 2.46 फीसदी चढ़ा. सेक्टर के हिसाब से देखें तो Nifty Auto में 2.04 फीसदी, Nifty Realty में 1.94 फीसदी और Nifty Financial Services ex-Bank में 2.72 फीसदी की तेजी रही.
बाजार में तेजी से 5 खास कारण क्या हैं?
1. अमेरिका के मिडटर्म चुनाव में डेमोक्रेटिक पार्टी की जीत से वैश्विक बाजारों में सकारात्मक माहौल बना है. निवेशकों को अमेरिका की व्यापार और भू-राजनीतिक नीतियों में नरमी की उम्मीद है.
2. ब्रेंट क्रूड की कीमत करीब 93.50 डॉलर प्रति बैरल तक आ गई है. भारत अपनी जरूरत का बड़ा हिस्सा कच्चा तेल आयात करता है, इसलिए कीमतों में गिरावट भारतीय अर्थव्यवस्था और कंपनियों के लिए राहत मानी जा रही है.
3. विदेशी संस्थागत निवेशक लगातार भारतीय शेयर बाजार में खरीदारी कर रहे हैं. बुधवार को भी विदेशी निवेशकों ने करीब 7,284 करोड़ रुपए के भारतीय शेयर खरीदे.
4. अमेरिकी शेयर बाजार में डेमोक्रेटिक पार्टी की जीत के बाद डाउ जोंस में करीब 3 फीसदी की तेजी दर्ज की गई. इसका सकारात्मक असर भारतीय बाजार पर भी पड़ा.
5. दूसरी तिमाही के कॉरपोरेट नतीजों में मजबूती से निवेशकों का भरोसा बढ़ा है.
अमेरिका के मिडटर्म चुनाव से कैसे मिला सहारा?
अमेरिका में मिडटर्म चुनाव के नतीजों में डेमोक्रेटिक पार्टी को बढ़त मिली और उसने कांग्रेस के दोनों सदनों पर नियंत्रण हासिल किया. इससे निवेशकों को उम्मीद है कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प की टैरिफ नीतियों पर अब ज्यादा रोक लग सकती है. अगर अमेरिका की व्यापार नीतियों को लेकर अनिश्चितता कम होती है तो इसका फायदा भारत जैसे उभरते बाजारों को भी मिल सकता है. इस खबर के बाद अमेरिकी शेयर बाजार में भी जोरदार तेजी आई. वहां के बाजार से मिले सकारात्मक संकेतों ने भारतीय निवेशकों का भरोसा बढ़ाया.










