Home » राजस्थान » पंचायत राज आम चुनाव के मद्देनजर प्रतिबंधात्मक आदेश जारी, 29 नवंबर तक रहेंगे प्रभावी ,पढ़ें पूरी खबर

पंचायत राज आम चुनाव के मद्देनजर प्रतिबंधात्मक आदेश जारी, 29 नवंबर तक रहेंगे प्रभावी ,पढ़ें पूरी खबर

पंचायत राज आम चुनाव

अबतक इंडिया न्यूज बीकानेर, 7 अक्टूबर। पंचायत राज आम चुनाव 2026 के मद्देनजर जिला कलेक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट निशान्त जैन द्वारा जिले में शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और सुरक्षित मतदान सुनिश्चित करने के लिए भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 की धारा 163 के तहत प्रतिबंधात्मक आदेश (निषेधाज्ञा) लागू किए हैं। यह आदेश 29 नवंबर 2026 तक लागू रहेंगे।

आदेशानुसार जिले की पंचायत समिति बीकानेर, नोखा, पांचू, जसरासर, खाजूवाला, पूगल, छत्तरगढ़, रूणिया, हंदा, बीठनोक, बज्जू, कोलायत, श्रीडूंगरगढ़, रिडी एवं लूणकरणसर क्षेत्रों में किसी भी व्यक्ति किसी भी प्रकार के अस्त्र-शस्त्र जैसे रिवाल्वर, पिस्टल बंदूक, बीएल.गन, राइफल एवं धारदार हथियार जैसे तलवार, गंडासा, फरसा, चाकू, भाला, कृपाण अथवा अन्य धारदार हथियार लेकर नहीं चलेगा एवं सार्वजनिक रूप से इनके प्रदर्शन पर प्रतिबंध रहेगा।

यह आदेश सीमा सुरक्षा बल, राजस्थान सशस्त्र, पुलिस, सिविल पुलिस होमगार्ड एवं उन राज्य एवं केंद्र कर्मचारियों पर जो कानून एवं व्यवस्था के संबंध में अपने पास हथियार रखने के लिए अधिकृत किए गए हैं उन पर लागू नहीं होगा। सिख समुदाय के व्यक्तियों को धार्मिक परंपरा के अनुसार निर्धारित कृपाण रखने की छूट होगी।

यह आदेश शस्त्र अनुज्ञा पत्र नवीनीकरण के लिए आदेशानुसार शस्त्र निरीक्षण करवाने अथवा शस्त्र पुलिस थाने में जमा करने के लिए ले जाने पर लागू नहीं होगा। वृद्ध एवं अपाहिज व्यक्तियों को सहारे के लिए उपयोग की जाने वाली लाठी तथा राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं की तैयारी में लगे खिलाड़ियों को इससे छूट रहेगी। बीकानेर जिले से बाहर का कोई भी व्यक्ति प्रतिबंधित क्षेत्र की सीमा में इस किस्म के हथियार अपने साथ नहीं लाएगा, ना ही सार्वजनिक स्थानों पर प्रयोग एवं प्रदर्शन करेगा।

लाउडस्पीकर के उपयोग के लिए भी लेनी होगी अनुमति
रात्रि 10 से प्रातः 6 बजे तक ध्वनि विस्तारक यंत्रों का उपयोग रहेगा वर्जित

जिला मजिस्ट्रेट द्वारा जारी आदेशानुसार चुनाव अवधि के दौरान सार्वजनिक स्थानों पर लाउडस्पीकर के उपयोग पर भी निर्धारित समय एवं सक्षम अधिकारी की अनुमति के संबंध में प्रावधान किए गए हैं। मतदान समाप्ति के 48 घंटे पूर्व से मतदान केंद्रों के 100 मीटर की परिधि में लाउडस्पीकर के उपयोग पर प्रतिबंध रहेगा। अस्पताल, स्कूलों एवं धार्मिक स्थलों से 100 मीटर की परिधि में लाउडस्पीकर के उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। कोई व्यक्ति अथवा राजनीतिक दल/संस्था द्वारा किसी जुलूस, सभा एवं सार्वजनिक मीटिंग में ध्वनिविस्तारक यंत्रों (लाउडस्पीकर) का उपयोग निर्धारित डेसीबल में सुबह 6 से रात्रि 10 बजे तक की अवधि में सक्षम अधिकारी (संबंधित क्षेत्र के उपखण्ड मजिस्ट्रेट) की लिखित अनुमति के बाद ही किया जा सकेगा। रात्रि 10 बजे से प्रातः 6 बजे तक ध्वनिविस्तारक यंत्रो का उपयोग माननीय उच्चतम न्यायालय के आदेशानुसार वर्जित रहेगा।

कोई व्यक्ति अथवा राजनीतिक दल/संस्था द्वारा किसी भी प्रकार के वाहन पर ध्वनि विस्तारक यंत्र (लाउडस्पीकर) के उपयोग की अनुमति हेतु सक्षम अधिकारी को आवेदन करेंगे तथा आवेदन में वाहन संख्या, वाहन की रजिस्ट्रेशन संख्या व वाहन की किस्म का अंकन करेंगे। सक्षम अधिकारी की लिखित में अनुमति के पश्चात् ही ध्वनि विस्तारक यंत्रों का उपयोग किया जा सकेगा।
आदेशानुसार कोई व्यक्ति अथवा राजनीतिक दल/संस्था, पुलिस विभाग द्वारा प्राधिकृत अधिकारी की पूर्व अनुमति के बिना रैली, जुलूस, आमसभा एवं धरना का आयोजन नहीं कर सकेंगे। उक्त प्रतिबंध बारात या शव यात्रा पर लागू नहीं होगा।

कोई भी व्यक्ति चुनाव प्रचार या प्रसार के लिए वाहनों से यातायात बाधित नहीं करेगा/ना ही करवाएगा। वाहनों का उपयोग चुनाव प्रसार हेतु भारत निर्वाचन आयोग द्वारा जारी गाईडलाईन के अनुसार ही करना होगा।
कोई भी अभ्यर्थी/राजनीतिक दल चुनाव प्रचार-प्रसार के दौरान किसी दूसरे अभ्यर्थी के निजी जीवन के बारे में आपत्तिजनक भाषण, प्रचार-प्रसार सामग्री में, टीका टिप्पणी नहीं करेगा और न ही करवाएगा। धर्मस्थलों का उपयोग निर्वाचन प्रचार मंच के रूप में नहीं किया जाएगा।

कोई भी व्यक्ति इस दौरान किसी भी प्रकार की विस्फोटक सामग्री व अति ज्वलनशील विस्फोटक पदार्थ एवं घातक रासायनिक पदार्थ लेकर नहीं चलेगा और ना ही इसका उपयोग करेगा। कोई भी व्यक्ति साम्प्रदायिक सद्भाव को ठेस पहुँचाने वाले पोस्टर, बेनर, पैम्फलेट व अन्य चुनाव सामग्री नहीं छपवाएगा एवं ना ही छापेगा। इसके साथ ही कोई व्यक्ति एवं संस्था इन्टरनेट तथा सोशल मीडिया फेसबुक, ट्विटर, व्हाट्सएप, यूट्यूब इंस्टाग्राम आदि के माध्यम से किसी प्रकार का धार्मिक उन्माद, जातिगत द्वेष या दुष्प्रचार नहीं करेगा।

कोई भी व्यक्ति किसी भी सार्वजनिक स्थान पर मदिरा का सेवन नहीं करेगा और ना ही किसी अन्य व्यक्ति को सेवन करवाएगा तथा अधिकृत विक्रेताओं को छोड़कर कोई भी व्यक्ति निजी उपयोग के अलावा किसी अन्य के उपयोग हेतु सार्वजनिक स्थल से मदिरा लेकर आवागमन नहीं करेगा।कोई भी व्यक्ति सार्वजनिक भवनों/स्थलों पर कट-आउट, पोस्टर, बेनर या अन्य प्रचार सामग्री नहीं लगाएगा तथा ना ही किसी प्रकार के नारे लिखेगा। उक्त प्रचार माध्यमों हेतु निजी भवन, स्थल, सम्पत्ति का उपयोग उसके मालिक/धारक की पूर्व लिखित अनुमति के बिना नहीं करेगा। मतदान दिवस के दिन मतदान केन्द्र से एवं मतगणना दिवस पर मतगणना केन्द्र से 100 मीटर की परिधि के अन्दर किसी भी तरह के मोबाइल फोन, सैल फोन वायरलैस का उपयोग नहीं करेगा, न ही लेकर चलेगा। यह प्रतिबंध चुनाव ड्यूटी में लगे पुलिस अधिकारियों व अन्य कर्मचारियों/ अधिकारियों पर लागू नहीं होगा। राजनीतिक पार्टी एवं उम्मीदवारों द्वारा ऐसे मतदाताओं को जो उनके स्वयं के परिवारजन नहीं है, उन मतदाताओं को वाहनों से मतदान केन्द्रों तक लाने एवं ले जाने पर पूर्णतः रोक रहेगी।

जिला मजिस्ट्रेट द्वारा जारी आदेशानुसार मतदान दिवस के दिन मतदान केन्द्र के 100 मीटर एरिया में प्रचार-प्रसार नहीं होगा। मतदान दिवस के दिन मतदान केन्द्र व इसकी 100 मीटर परिधि में किसी मतदाताओं से मत संयाचना पर रोक रहेगी। राजनीतिक पार्टी एवं उम्मीदवार मतदान केन्द्र से 200 मीटर की परिधि में कैम्प नहीं लगाएंगे। मतदान दिवस के दिन मतदान केन्द्र के 100 मीटर एरिया में 5 या 5 से अधिक अनाधिकृत एवं
अवांछित व्यक्ति इकट्ठे नहीं होंगें।चुनाव परिणाम के पश्चात् विजय जुलूस पर प्रतिबंध रहेगा।

स्वतंत्र, निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण चुनाव सुनिश्चित करने के लिए राज्य निर्वाचन आयोग तथा जिला निर्वाचन कार्यालय द्वारा समय-समय पर जारी दिशा-निर्देशों की पूर्ण पालना सुनिश्चित की जाए। आदेश की अवहेलना भारतीय न्याय संहिता, 2023 की धारा 223 एवं अन्य संबंधित विधिक प्रावधानों के तहत दंडनीय होगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

The specified slider is trashed.