अबतक इंडिया न्यूज बीकानेर, 27 सितंबर: कांग्रेस के राष्ट्रीय सचिव एवं राजस्थान सहप्रभारी चिरंजीवी राव ने रविवार को रानी बाजार स्थित जिला कांग्रेस कमेटी (देहात) कार्यालय में आयोजित एक पत्रकार वार्ता को संबोधित करते हुए मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को लेकर चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार की निष्पक्षता पर तीखे सवाल उठाए। इस दौरान उन्होंने आगामी पंचायतीराज चुनावों को लेकर पार्टी की संगठनात्मक तैयारियों पर भी विस्तार से चर्चा की।
पत्रकारों से बातचीत करते हुए चिरंजीवी राव ने कहा कि लोकतंत्र की मजबूती के लिए चुनाव आयोग की निष्पक्षता और मतदाता सूचियों की पारदर्शिता बेहद जरूरी है। उन्होंने आरोप लगाया कि देशभर में एसआईआर की प्रक्रिया को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं। मीडिया रिपोर्टों का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि पिछले 10 महीनों में आयोग के भीतर ही एसआईआर प्रक्रिया और फैसलों को लेकर कम से कम 14 बार चुनाव आयुक्तों द्वारा आपत्तियां दर्ज कराई गईं, लेकिन मुख्य चुनाव आयुक्त की ओर से कोई स्पष्टीकरण नहीं दिया गया। उन्होंने दोहराया कि राहुल गांधी द्वारा उठाई गई मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग पूरी तरह न्यायसंगत है और चुनाव आयोग को जनता के भरोसे की रक्षा करनी चाहिए।
पात्र नागरिकों के मताधिकार की रक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता: डॉ. बी.डी. कल्ला
प्रेस वार्ता में पूर्व मंत्री डॉ. बी.डी. कल्ला ने कहा कि मतदाता सूची किसी भी लोकतांत्रिक व्यवस्था की नींव होती है। अगर प्रक्रिया की जटिलताओं के कारण किसी पात्र नागरिक का नाम सूची से हटता है तो यह चिंताजनक है। आयोग को उठ रहे सभी सवालों के सार्वजनिक व पारदर्शी जवाब देने चाहिए।
देहात जिलाध्यक्ष बिशनाराम सियाग और शहर जिलाध्यक्ष मदनगोपाल मेघवाल ने भी संबोधन में कहा कि कांग्रेस किसी संवैधानिक संस्था को कमजोर नहीं करना चाहती, बल्कि उसकी साख और जनविश्वास को बचाना चाहती है। उन्होंने कहा कि गरीब, ग्रामीण, मजदूर और प्रवासियों के नाम सूची से न छूटें, यह सुनिश्चित करना आयोग की जिम्मेदारी है। पंचायतीराज चुनावों के संदर्भ में नेताओं ने कहा कि संगठन गांव-ढाणी और बूथ स्तर तक पूरी तरह सक्रिय है तथा पार्टी कार्यकर्ता स्थानीय मुद्दों को लेकर घर-घर संवाद करेंगे।
बीकानेर नगर निगम उपमहापौर चुनाव में क्रास वोटिंग के सवाल पर चिरंजीवी राव ने स्पष्ट किया कि मामले की गहन जांच की जा रही है और दोषियों के खिलाफ सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
प्रेस वार्ता के दौरान प्रदेश महासचिव प्रद्युम्नसिंह राठौड़, पूर्व जिलाध्यक्ष यशपाल गहलोत, डॉ. राजेंद्र मूंड, शिवलाल गोदारा, हनुमान चौधरी और डॉ. प्रीति मेघवाल सहित पार्टी के कई प्रमुख पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे।












