अबतक इंडिया न्यूज 16 जनवरी मुंबई । महाराष्ट्र नगर निकाय चुनाव में बीजेपी ने प्रचंड जीत की ओर कदम बढ़ा दिए हैं. कुल 29 नगर निगमों में से बीजेपी 25 पर बड़ी बढ़त बनाए हुए है. मुंबई बीएमसी में महायुति ने अब तक का रिकॉर्ड तोड़ प्रदर्शन किया है. यहां बीजेपी 90 और शिंदे गुट की शिवसेना 25 सीटों पर आगे चल रही है. सबसे बड़ा खेल पुणे और पिंपरी-चिंचवड़ में देखने को मिला है. पवार परिवार का यह मजबूत गढ़ अब पूरी तरह ढह चुका है. अजीत और शरद पवार के साथ लड़ने के बाद भी बीजेपी भारी पड़ रही है. पुणे में बीजेपी 165 में से 110 सीटों पर आगे है. पिंपरी-चिंचवड़ में भी 128 में से 81 पर कमल खिल रहा है. शनिवार तक अंतिम परिणाम आने के बाद तस्वीर पूरी तरह साफ होगी.
महाराष्ट्र नगर निगम चुनाव के नतीजे सामने आने के बाद बीजेपी की अगुवाई वाले महायुति गठबंधन में जश्न का माहौल है. देश के सबसे अमीर नगर निगम बीएमसी में 25 साल बाद उद्धव ठाकरे का किला ढह गया है. यहां बीजेपी की अगुवाई वाले महायुति का मेयर बनना तय माना जा रहा है. इस जीत के बाद महाराष्ट्र के सीएम देवेंद्र फडणवीस ने वोटरों को धन्यवाद दिया. उन्होंने महायुति की जीत को विकास और विश्वास की जीत बताया है.
पुणे और नागपुर जैसे बड़े महानगरों में बीजेपी ने विपक्ष का सूपड़ा साफ कर दिया है. 165 सदस्यीय पुणे नगर निगम में बीजेपी ने 123 सीटें जीतकर नया कीर्तिमान स्थापित किया है. यहां अजीत पवार और शरद पवार की सेना मिलकर भी बीजेपी को नहीं रोक सकी. नागपुर में भी पार्टी ने 151 में से 102 सीटों पर बढ़त बनाकर अपनी बादशाहत कायम रखी है. नासिक में 72 सीटों के साथ बीजेपी को स्पष्ट बहुमत मिला है. इन शहरों में बीजेपी की जीत यह दर्शाती है कि शहरी मतदाता अब बड़े विजन और बुनियादी ढांचे के विकास को प्राथमिकता दे रहे हैं. विरोधियों के पास बीजेपी की इस ‘बूथ मैनेजमेंट’ तकनीक का कोई ठोस जवाब नहीं था.
इस चुनाव में सबसे बड़ा झटका शरद पवार और उद्धव ठाकरे को लगा है. पुणे, पिंपरी-चिंचवड़ और सोलापुर जैसे इलाकों में, जो कभी पवार परिवार की जागीर माने जाते थे, वहां अब कमल खिल रहा है. पिंपरी-चिंचवड़ की 128 सीटों में से बीजेपी ने 84 पर कब्जा किया है.
- सोलापुर में तो बीजेपी ने 102 में से 87 सीटें जीतकर क्लीन स्वीप कर दिया है.
- मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने अपने गृह क्षेत्र ठाणे को बखूबी बचाए रखा है, जहां शिवसेना ने 50 और बीजेपी ने 30 सीटें जीती हैं.
- उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली शिवसेना (UBT) नासिक और कल्याण-डोंबिवली जैसे पुराने गढ़ों में भी तीसरे या चौथे नंबर पर खिसक गई है.
- हालांकि महायुति की आंधी तेज थी, लेकिन कांग्रेस ने लातूर और चंद्रपुर जैसे शहरों में अपनी साख बचा ली है.
- लातूर में कांग्रेस ने 43 सीटों के साथ स्पष्ट बहुमत हासिल किया. चंद्रपुर में भी वह 32 सीटों के साथ सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है.
- कोल्हापुर में कांग्रेस 35 सीटों के साथ सबसे आगे है, लेकिन यहां महायुति मिलकर सरकार बनाने की स्थिति में है.
- ओवैसी की पार्टी AIMIM ने छत्रपति संभाजीनगर (33 सीटें) और मालेगांव (21 सीटें) में अपनी ताकत दिखाई है.
- अहिल्यानगर में अजीत पवार की एनसीपी 27 सीटों के साथ सबसे बड़ी पार्टी बनी है.
- नांदेड़ में अशोक चव्हाण के नेतृत्व में बीजेपी ने 45 सीटें जीतकर बहुमत का आंकड़ा पार कर लिया है.
- मराठवाड़ा के छत्रपति संभाजीनगर में बीजेपी 58 सीटों के साथ सबसे बड़ी पार्टी बनी है.
- जालना और धुले में भी बीजेपी ने स्पष्ट बहुमत हासिल किया है.
- जलगांव में 75 में से 46 सीटें जीतकर बीजेपी ने अपनी पकड़ साबित की है.
- वसई-विरार में हितेंद्र ठाकुर की बहुजन विकास अघाड़ी ने 71 सीटें जीतकर अपनी सत्ता बरकरार रखी है.
- पनवेल और मीरा-भायंदर जैसे मुंबई से सटे इलाकों में भी बीजेपी ने विपक्ष को उभरने का कोई मौका नहीं दिया.
- नए बने नगर निगम इचलकरंजी में भी बीजेपी ने 43 सीटें जीतकर अपनी शानदार शुरुआत की है.
महाराष्ट्र नगर निकाय चुनावों में BJP-नेतृत्व वाली महायुति के शानदार प्रदर्शन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जनता का आभार जताया है. पीएम मोदी ने एक्स पर लिखा, ‘धन्यवाद महाराष्ट्र!’ और कहा कि राज्य की ऊर्जावान जनता ने NDA के जनहितैषी सुशासन के एजेंडे को आशीर्वाद दिया है. उन्होंने कहा कि नगर निगम चुनाव नतीजे बताते हैं कि महाराष्ट्र की जनता के साथ NDA का रिश्ता और गहरा हुआ है. पीएम ने विकास के विजन को जनसमर्थन मिलने की बात कही और NDA कार्यकर्ताओं की मेहनत की सराहना की. वहीं JP नड्डा ने भी जीत को डबल इंजन सरकार की नीतियों पर मुहर बताया.








