Home » देश » देशनोक ओरण स्टे प्रकरण : हाई कोर्ट ने जारी किया बीकानेर डीएम,तहसीलदार व नायब तहसीलदार को अवमानना नोटिस

देशनोक ओरण स्टे प्रकरण : हाई कोर्ट ने जारी किया बीकानेर डीएम,तहसीलदार व नायब तहसीलदार को अवमानना नोटिस

अबतक इंडिया न्यूज 6 मार्च देशनोक। देशनोक करणी माता ओरण में निर्माण पर 2024 में राजस्थान हाई  कोर्ट ने स्टे लगाया था लेकिन स्थानीय निकाय व प्रशासन ने बेखौफ निर्माण जारी रखा।स्टे ऑर्डर की पालना को लेकर अपीलार्थियों ने बार-बार स्थानीय निकाय प्रशासन व जिला प्रशासन को लिखित व मौखिक शिकायतें करते रहे । सत्ता के दबाव में प्रशासन ने मूकदर्शक की भूमिका निभाई। आखिर पीड़ितों को फिर हाई कोर्ट का रुख करना पड़ा।अब हाई कोर्ट ने स्टे आर्डर की अवमानना को लेकर बीकानेर जिला कलेक्टर नम्रता वृष्णि,तहसीलदार निशिकांत व देशनोक उप-तहसील के नायब तहसीलदार उत्तमचन्द को नामजद अवमानना नोटिस जारी किया हैं।
    देशनोक पालिका ने की पवित्र ओरण की दुर्दशा, जिला प्रशासन आंखें मूंदे रहा 
    हाई कोर्ट के स्टे आर्डर के बावजूद देशनोक नगरपालिका के तत्कालीन चेयरमैन व ईओ बृजेश सोनी ने हठधर्मिता की सीमा लांघकर ओरण में ट्रीटमेंट प्लांट,पक्के मकान ,सड़के  व श्मसान की चारदीवारी सहित शेड निर्माण करवा दिए।अपीलार्थियों ने बार-बार हाई कोर्ट के स्टे आर्डर का हवाला देकर शिकायतें की लेकिन इनके कानों पर जूं तक नहीं रेंगी।जिला प्रशासन भी स्थानीय प्रशासन के सुर में सुर मिलता रहा।ओरण में निर्मित श्मशान भूमि की दीवारों पर बाकायदा तत्कालीन मंत्री सहित तत्कालीन चेयरमैन ओमप्रकाश मूंधड़ा व ईओ बृजेश सोनी ने अपने नाम का शिलालेख तक लगवा दिया।अवैध डंपिंग यार्ड का निर्माण कर ओरण में चारो ओर कचरा ही कचरा डालकर  एवं गंदे पानी की निकासी  कर पवित्र ओरण पवित्रता ही नहीं जन आस्था को भी शर्मसार कर दिया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *