अबतक इंडिया न्यूज 11 दिसंबर : राजस्थान में इस बार शिक्षा व्यवस्था से जुड़ा बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा. राज्य में माध्यमिक शिक्षा बोर्ड की परीक्षाएं आगामी 12 फरवरी से शुरू होकर 12 मार्च तक आयोजित की जाएंगी. यानी बोर्ड परीक्षाएं कुल 29 दिनों तक चलेंगी. शिक्षा विभाग की मानें तो परीक्षा कार्यक्रम को इस तरह तैयार किया गया है कि छात्रों को पर्याप्त समय मिल सके और किसी विषय की तैयारी पर दबाव न पड़े.
नए सत्र में बच्चों को पढ़ने–लिखने के लिए पूरे 45 दिन मिलेंगे, जो पूरी तैयारी के साथ पढ़ाई शुरू करने में मदद करेगा. विभाग का कहना है कि इस बार कैलेंडर को इस तरह बनाया गया है कि स्कूलों को भी समय मिल सके और छात्र भी बिना किसी भागदौड़ के अपनी पढ़ाई पर ध्यान दे सकें.
राजस्थान बोर्ड ने इस बार परीक्षा प्रणाली में कई अहम बदलाव किए हैं. पहली बार मॉडल प्रश्नपत्रों में रंगीन चित्रों का उपयोग किया गया है, ताकि विद्यार्थी प्रश्नों को बेहतर तरीके से समझ सकें. बोर्ड ने 11 लाख से अधिक छात्रों की सुविधा के लिए सभी विषयों के मॉडल पेपर पहले ही जारी कर दिए हैं, जिससे उन्हें पैटर्न और प्रश्नों के स्वरूप का अंदाज़ा पहले से हो सके.
साथ ही, एनईपी 2020 के तहत इस बार प्रश्नपत्रों को पांच अलग-अलग भागों में बांटा गया है. यह बदलाव छात्रों की सोच, समझ और विश्लेषण क्षमता का परीक्षण करने के उद्देश्य से किया गया है. बोर्ड का कहना है कि नई व्यवस्था से विद्यार्थी न सिर्फ बेहतर तरीके से तैयारी कर सकेंगे बल्कि उनकी सीखने की प्रक्रिया भी मजबूत होगी.
कुल मिलाकर, परीक्षा कार्यक्रम से लेकर नए सत्र की शुरुआत तक, इस बार पूरे शिक्षा तंत्र में कई महत्वपूर्ण बदलाव लागू किए जा रहे हैं. विभाग को उम्मीद है कि इस नई व्यवस्था से छात्रों को बेहतर शैक्षणिक माहौल मिलेगा और स्कूलों में पढ़ाई की गुणवत्ता भी सुधरेगी.








